
Happy Mother's Day

May 9, 2021
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The love for mother is indescribable. On this beautiful occasion I present a poem in the honour of the loving soul named माँ...
मां
चांद की रोशनी में, दूध से धुली तू, अंधेरों में उजाले का, दीप है तू। सपनों की नगरी में, रानी है तू | जिसका नाम लेकर, दिन भर जाए ज़रूर | जिसके बिना दुनिया अधूरी है, वो है तू, जिसके नाम के बिना, मेरा ना कोई वजूद, वो है तू | जिसके साथ के बिना, मैं ना हूँ, मां है वो शब्द, जिसके साए के बिना, ना ज़िंदगी हो मेरी, ना मैं रह सकूं, मां तू ही है वो |
-रुमिश अली सैफ़




Waah... mesmerising ❤️❤️❤️